कोई बात नहीं अगर नहीं खिला पाए
खाना किसी भूखे को,
कम से कम पानी ही पिला देना
किसी प्यासे को,
हे इंसान इतने तो करम कर की चार
खांदे मिले जनाजे को।
✍️ सोमेश्वर सिरसाट...।
"खाली हो अगर जेब तो पराये क्या,
अपनों का लहज़ा भी बदल जाता है।
अब इंसान भी इंसानियत से नहीं,
उसकी दौलत से ही जाना जाता है।।"
– सोमेश्वर सिरसाट

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